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छत्तीसगढ़ की विकास नहीं वादों और योजनाओं की घोषणा का बजट,,, दिलीप लहरिया

समय न्यूज़ लाइव प्रदीप पांडेय की रिपोर्ट
समय न्यूज़ लाइव प्रदीप पांडेय की रिपोर्ट

सीपत ,,विधानसभा क्षेत्र के विधायक एवं छत्तीसगढ़ विधानसभा के नवनियुक्त उपसचेतक दिलीप लहरिया ने भाजपा सरकार द्वारा 24 फरवरी 2026 को प्रस्तुत राज्य बजट पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए इसे जनता की उम्मीदों के विपरीत और जमीनी हकीकत से दूर बजट” करार दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार का यह बजट छत्तीसगढ़ के किसानों, युवाओं, महिलाओं, कर्मचारियों और गरीब वर्ग के साथ न्याय करने में पूरी तरह विफल साबित हुआ है। यह बजट प्रदेश के सर्वांगीण विकास के बजाय केवल औपचारिक घोषणाओं तक सीमित नजर आता है। किसानों को केवल आश्वासन, आय बढ़ाने का ठोस रोडमैप नहीं : उपसचेतक लहरिया ने कहा कि छत्तीसगढ़ एक कृषि प्रधान राज्य है, लेकिन बजट में किसानों की आय बढ़ाने, लागत कम करने और कृषि को लाभकारी बनाने के लिए कोई ठोस और प्रभावी योजना नहीं दिखाई देती। उन्होंने कहा कि सिंचाई विस्तार, फसल सुरक्षा और कृषि आधारित रोजगार सृजन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर बजट में अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई गई है। किसान आज भी अपनी उपज का उचित मूल्य, सिंचाई और आर्थिक सुरक्षा के लिए संघर्ष कर रहा है, लेकिन बजट में उनकी समस्याओं का ठोस समाधान नजर नहीं आता। युवाओं के भविष्य को लेकर बजट में स्पष्ट दृष्टि का अभाव : लहरिया ने कहा कि प्रदेश का युवा रोजगार और अवसरों की उम्मीद कर रहा था, लेकिन बजट में रोजगार सृजन, सरकारी भर्ती और कौशल विकास को लेकर कोई ठोस और प्रभावी पहल नहीं दिखाई दी। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार देने के बजाय सरकार केवल वादों और योजनाओं की घोषणा कर रही है, जिससे युवाओं में निराशा बढ़ेगी। महिलाओं और कमजोर वर्गों के लिए पर्याप्त प्रावधान नहीं : उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, आर्थिक सशक्तिकरण और स्वावलंबन के लिए बजट में ठोस और व्यापक योजनाओं का अभाव है। साथ ही अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग और गरीब वर्ग के कल्याण के लिए अपेक्षित प्राथमिकता नहीं दी गई है। भाजपा सरकार का यह बजट सामाजिक न्याय और समावेशी विकास की भावना को मजबूत करने में असफल रहा है। महंगाई, बेरोजगारी और बुनियादी समस्याओं पर कोई ठोस राहत नहीं : उपसचेतक लहरिया ने कहा कि प्रदेश की जनता महंगाई, बेरोजगारी और बुनियादी सुविधाओं की समस्याओं से जूझ रही है, लेकिन बजट में इन मुद्दों के समाधान के लिए कोई स्पष्ट और प्रभावी प्रावधान नजर नहीं आता। उन्होंने कहा कि सड़कों, शिक्षा, स्वास्थ्य और ग्रामीण विकास के क्षेत्र में भी बजट अपेक्षाओं के अनुरूप नहीं है। जनता के मुद्दों को विधानसभा में मजबूती से उठाएगी कांग्रेस : लहरिया ने कहा कि कांग्रेस पार्टी एक जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभाते हुए जनता के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और विधानसभा में इस बजट की कमियों को मजबूती से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि हम जनता की आवाज बनकर किसानों, युवाओं, महिलाओं और हर वर्ग के अधिकारों के लिए संघर्ष करते रहेंगे। छत्तीसगढ़ की जनता के साथ किसी भी प्रकार का अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अंत में लहरिया ने कहा कि प्रदेश की जनता को इस बजट से जो उम्मीदें थीं, यह बजट उन पर खरा उतरने में असफल रहा है और आने वाले समय में कांग्रेस जनता के साथ मिलकर उनके अधिकारों की लड़ाई लड़ती रहेगी।

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