
नवरात्रि पर भक्ति, आस्था और एकता का अद्भुत संगम
बेलगहना के समीप, मैकल की पर्वत श्रृंखलाओं के ठीक नीचे, माँ नर्मदा के पावन तट पर बसा ग्राम उपका अपनी गहरी धार्मिक आस्था और देवी भक्ति के कारण “देवी भूमि” के रूप में विख्यात है। प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण यह ग्राम, जहाँ एक ओर पर्वतों की शांत छाया और हरियाली है, वहीं दूसरी ओर माँ नर्मदा की पवित्रता इसे आध्यात्मिक ऊर्जा का विशेष केंद्र बनाती है। नवरात्रि के पावन अवसर पर यह ग्राम इन दिनों पूर्णतः भक्तिमय वातावरण में सराबोर हो उठा है।

ग्राम के पहाड़ी क्षेत्र में स्थित प्राचीन एवं प्रसिद्ध काली मंदिर तथा गांव के मध्य स्थित माँ नर्मदा मंदिर इन दिनों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बने हुए हैं। नवरात्रि के आरंभ होते ही पूरे ग्राम में उत्साह, श्रद्धा और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है।
सुबह की मंगल आरती से लेकर देर रात्रि तक भजन-कीर्तन, जगराता और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम निरंतर जारी है। बच्चे, युवा और बुजुर्ग—सभी वर्गों के लोग पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ इन आयोजनों में सहभागी बन रहे हैं।

विशेष रूप से नर्मदा कुंड स्थित मंदिर में विधि-विधान के साथ ज्योति कलश प्रज्वलन कर देवी आराधना का शुभारंभ किया गया। वहीं काली मंदिर उपका में भी अत्यंत भव्यता के साथ ज्योति कलश स्थापित किए गए, जिनकी पावन ज्योति पूरे ग्राम में श्रद्धा, विश्वास और सकारात्मक ऊर्जा का संचार कर रही है। इन दिव्य दीपों की आभा से ग्राम का वातावरण अलौकिक और आध्यात्मिक बन गया है।

इस पावन अवसर पर काली मंदिर परिसर में श्रीमद् देवी भागवत कथा का भव्य एवं दिव्य आयोजन किया जा रहा है। यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि ग्रामवासियों की एकता और सहयोग की भावना का भी सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है। ग्राम पंचायत की सरपंच राम कुमारी उरेती के कुशल मार्गदर्शन में तथा ग्राम के सक्रिय कार्यकर्ताओं—राम सहाय यादव, सतीराम ओट्टी, मोनिका मार्को, गौरी जायसवाल, अहिल्या जायसवाल सहित अन्य सदस्यों के सहयोग से यह आयोजन सुव्यवस्थित एवं सफलतापूर्वक संचालित हो रहा है।

श्रीमद् देवी भागवत कथा का वाचन सुप्रसिद्ध भागवताचार्य पंडित अरुण दुबे के मुखारविंद से अत्यंत भावपूर्ण, सरस एवं ज्ञानवर्धक शैली में किया जा रहा है। कथा के माध्यम से देवी महिमा, धर्म, आस्था, सदाचार एवं जीवन मूल्यों का सुंदर वर्णन किया जा रहा है, जिसे सुनने के लिए प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित हो रहे हैं और आध्यात्मिक लाभ प्राप्त कर रहे हैं।
वहीं नर्मदा समिति के अंतर्गत नर्मदा मंदिर में पुजारी मंडली—राम जी, सहदेव मार्को, उत्तम जायसवाल, कन्हैया यादव, उप सरपंच कौशल सिंह, चिंताराम मार्को, कन्हैया मार्को, कैलाश उरेती, ईश्वर सिंह उरेती, अमृत उरेती, मीरा उदय, अनसुइया मार्को सहित अन्य समर्पित सदस्यों द्वारा विधिवत पूजा-अर्चना एवं समस्त व्यवस्थाओं का संचालन अत्यंत श्रद्धा और अनुशासन के साथ किया जा रहा है। उनकी सेवा भावना और समर्पण से पूरे आयोजन की गरिमा और भी अधिक बढ़ गई है।

ग्राम उपका में आयोजित यह नवरात्रि महोत्सव न केवल धार्मिक आस्था और श्रद्धा का प्रतीक है, बल्कि ग्रामवासियों की एकजुटता, पारस्परिक सहयोग और समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा का जीवंत उदाहरण भी प्रस्तुत कर रहा है। मैकल पर्वत की पावन छाया और माँ नर्मदा के सान्निध्य में संपन्न हो रहा यह आयोजन ग्राम उपका को एक विशिष्ट आध्यात्मिक पहचान प्रदान कर रहा है, जहाँ हर हृदय देवी भक्ति में लीन होकर दिव्यता का अनुभव कर रहा है।








