
मस्तूरी ब्लॉक में बिजली व्यवस्था पूरी तरह से पटरी से उतरती नजर आ रही है। क्षेत्र के लोगों का आरोप है कि सब स्टेशन से जुड़े कई फीडरों में लगातार अघोषित बिजली कटौती की जा रही है। खासकर कोनी फीडर में स्थिति सबसे ज्यादा खराब बताई जा रही है, जहां हर कुछ मिनट में बिजली आपूर्ति बाधित हो रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि 33 केवी और 11 केवी लाइन में आए दिन फॉल्ट, ब्रेकडाउन और लो वोल्टेज जैसी समस्याएं बनी रहती हैं। इतना ही नहीं, बिना किसी पूर्व सूचना के घंटों तक बिजली बंद कर दी जाती है, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
बताया जा रहा है कि हाल ही में जूनियर इंजीनियर के स्थानांतरण के बाद नए अधिकारी ने अभी तक पदभार ग्रहण नहीं किया है। फिलहाल व्यवस्था का जिम्मा एई के पास है, जबकि अधिकांश काम लाइनमैन के भरोसे चल रहा है। ऐसे में शिकायतों के बावजूद समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हो पा रहा है।

क्षेत्रवासियों का कहना है कि वे हर महीने नियमित रूप से बिजली बिल का भुगतान करते हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्हें सुचारू बिजली आपूर्ति नहीं मिल रही है। कई बार विभागीय अधिकारियों को शिकायत करने के बाद भी हालात जस के तस बने हुए हैं।
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले बिलासपुर में बिजली कटौती को लेकर कांग्रेस पार्टी द्वारा आंदोलन भी किया गया था, लेकिन इसके बाद भी बिजली विभाग के रवैये में कोई बड़ा बदलाव दिखाई नहीं दे रहा है।
अब सवाल यह है कि आखिर कब तक मस्तूरी क्षेत्र के लोग अघोषित बिजली कटौती, लो वोल्टेज और बार-बार होने वाले फॉल्ट की समस्या से जूझते रहेंगे? क्या जनप्रतिनिधि और जिम्मेदार अधिकारी इस गंभीर समस्या की ओर ध्यान देंगे या फिर जनता को इसी तरह परेशानियों का सामना करना पड़ेगा?
फिलहाल क्षेत्रवासियों ने बिजली विभाग से मांग की है कि जल्द से जल्द व्यवस्था में सुधार किया जाए और उपभोक्ताओं को निर्बाध एवं गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।

मस्तूरी में अघोषित बिजली कटौती से जनता परेशान, हर 10 मिनट में बंद हो रही बिजली">







