
गरियाबंद:—- छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के राजिम और फिंगेश्वर क्षेत्र में स्वास्थ्य के लिए घातक तंबाकू उत्पादों के खिलाफ खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। कोटपा अधिनियम के तहत शासन द्वारा प्रतिबंधित जर्दा युक्त पान मसाला की बिक्री पर रोक लगाने के उद्देश्य से प्रशासन ने संयुक्त छापेमारी अभियान चलाया।
औषधि निरीक्षक धर्मवीर सिंह ध्रुव के नेतृत्व में खाद्य एवं औषधि प्रशासन गरियाबंद की टीम ने राजिम एवं फिंगेश्वर पुलिस के सहयोग से एक साथ कई पान दुकानों पर दबिश दी। इस दौरान कुल 32 दुकानों का निरीक्षण किया गया, जहां कई दुकानदार खुलेआम अथवा पैकेट में जर्दा मिक्स्ड पान मसाला बेचते पाए गए।
निरीक्षण के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित दुकानदारों के खिलाफ तत्काल चालानी कार्रवाई की गई। विभिन्न मामलों में कुल 4,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया तथा प्रतिबंधित तंबाकू उत्पादों को जब्त किया गया।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यह अभियान विशेष रूप से बच्चों और युवाओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा को ध्यान में रखकर चलाया गया है। जर्दा युक्त पान मसाला मुंह के कैंसर, हृदय रोग सहित कई गंभीर बीमारियों का प्रमुख कारण माना जाता है। कोटपा अधिनियम के अंतर्गत सार्वजनिक स्थानों पर तंबाकू उत्पादों की बिक्री, प्रदर्शन और प्रचार पर सख्त प्रतिबंध है।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन के अधिकारियों ने कहा कि यह कार्रवाई केवल शुरुआत है। आने वाले दिनों में जिले सहित पूरे राज्य में ऐसे अवैध और प्रतिबंधित तंबाकू उत्पादों के खिलाफ अभियान को और तेज किया जाएगा, ताकि लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके।









