
बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक राम गोपाल गर्ग ने रेंज में पदस्थ नव प्रशिक्षु उप निरीक्षकों की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित कर उन्हें पुलिस सेवा के मूल सिद्धांतों और आधुनिक पुलिसिंग की जिम्मेदारियों से अवगत कराया। यह बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से रक्षित केंद्र बिलासपुर स्थित चेतना भवन में आयोजित की गई, जिसमें बिलासपुर सहित रेंज के सभी जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी शामिल हुए।

बैठक में आईजी गर्ग ने नव नियुक्त उप निरीक्षकों को सार्वजनिक आचरण, अनुशासन और विभागीय मर्यादा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वर्दी धारण करने के बाद हर पुलिस अधिकारी पूरे विभाग का प्रतिनिधित्व करता है, इसलिए ऐसा कोई कार्य न करें जिससे पुलिस की छवि धूमिल हो।

तकनीकी दक्षता पर जोर देते हुए आईजी ने सीसीटीएनएस में स्वयं प्रविष्टियां करने, विभागीय एप्स जैसे सशक्त, ई-साक्ष्य, आईओ मितान और समाधान का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करने तथा साइबर अपराध और सोशल मीडिया की जानकारी रखने की आवश्यकता बताई।
प्रशिक्षु अधिकारियों को व्यावहारिक अनुभव बढ़ाने के लिए समन और वारंट तामील करने, पुरानी एफआईआर और चार्जशीट का अध्ययन करने तथा अनुभवी विवेचकों से जांच संबंधी कार्य सीखने के निर्देश दिए गए।

जनता के प्रति संवेदनशीलता को पुलिस की सबसे बड़ी जिम्मेदारी बताते हुए उन्होंने कहा कि थाने आने वाले प्रत्येक पीड़ित की समस्या को धैर्यपूर्वक सुनना और उन्हें न्याय दिलाने का भरोसा देना पुलिस का प्राथमिक कर्तव्य है।
बैठक के अंत में आईजी राम गोपाल गर्ग ने सभी नव प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आने वाले 20 से 25 वर्षों तक छत्तीसगढ़ पुलिस की छवि और कार्यप्रणाली की जिम्मेदारी इसी नई पीढ़ी के कंधों पर होगी। इसलिए सभी अधिकारी पूर्ण निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें।







