
बिलासपुर में डिजिटल अरेस्ट के नाम पर 1 करोड़ 4 लाख 80 हजार रुपये की साइबर ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह के खिलाफ रेंज साइबर थाना की कार्रवाई लगातार जारी है। पुलिस ने इस मामले में दो और आरोपियों को महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही अब तक कुल 8 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
जानकारी के अनुसार, अप्रैल 2026 में बिलासपुर की 82 वर्षीय बुजुर्ग महिला को व्हाट्सएप वीडियो कॉल कर खुद को केंद्रीय जांच एजेंसी का अधिकारी बताने वाले साइबर ठगों ने आतंकवाद और मनी लॉन्ड्रिंग के झूठे आरोप लगाकर करीब दो घंटे तक डिजिटल अरेस्ट जैसी स्थिति में रखा। डर और मानसिक दबाव बनाकर महिला से अलग-अलग बैंक खातों में कुल 1 करोड़ 4 लाख 80 हजार रुपये ट्रांसफर करा लिए गए।
तकनीकी जांच, बैंकिंग ट्रेल और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
बिलासपुर पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि कोई भी सरकारी एजेंसी फोन या वीडियो कॉल के जरिए डिजिटल अरेस्ट नहीं करती। यदि कोई व्यक्ति इस तरह डराकर पैसे मांगता है, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें या cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट दर्ज कराएं।








