
बिलासपुर :— एग्रीस्टेक परियोजना के अंतर्गत खरीफ वर्ष 2026 के लिए बिलासपुर जिले में डिजिटल क्रॉप सर्वे का काम शुरू हो गया है। जिले के 708 गांवों में से 703 गांवों में ऑनलाइन डिजिटल क्रॉप सर्वे किया जा रहा है, जबकि तकनीकी कारणों से 5 गांवों में मैनुअल गिरदावरी होगी। सर्वे का कार्य 17 अगस्त से शुरू हुआ है, जिसे 30 सितंबर तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने अधिकारियों को सर्वे का कार्य पूरी गंभीरता, पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि आगामी धान खरीदी में डिजिटल क्रॉप सर्वे के आंकड़ों का उपयोग किया जाएगा, इसलिए खेत, खसरा और फसल संबंधी जानकारी सही एवं प्रमाणिक रूप से दर्ज होना जरूरी है।
डिजिटल सर्वे मोबाइल एप के माध्यम से खेतों में पहुंचकर किया जा रहा है। सर्वेयर द्वारा दर्ज जानकारी का मौके पर सत्यापन भी होगा। पटवारी 10 प्रतिशत, राजस्व निरीक्षक 5 प्रतिशत और तहसीलदार 2 प्रतिशत सर्वे कार्य का मौके पर जाकर वेरिफिकेशन करेंगे। यथासंभव किसानों का फोटो भी लिया जाएगा।
स्थानीय युवाओं को बनाया गया सर्वेयर
डिजिटल क्रॉप सर्वे के लिए स्थानीय प्रशिक्षित ग्रामीण युवाओं को सर्वेयर के रूप में जोड़ा गया है। जिले में करीब 2097 सर्वेयर नियुक्त किए गए हैं। सर्वेयर द्वारा सही तरीके से जानकारी अपलोड एवं स्वीकृत होने के बाद प्रति खसरा 10 रुपये की दर से भुगतान किया जाएगा।
सर्वे के सुचारू संचालन के लिए तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक, पटवारी, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी और उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। कलेक्टर ने मैदानी अमले को वास्तविक फसल का सर्वे कर सही जानकारी दर्ज करने के निर्देश दिए हैं, ताकि आगामी धान खरीदी में किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

एग्रीस्टेक के तहत 703 गांवों में डिजिटल क्रॉप सर्वे शुरू, 30 सितंबर तक पूरा होगा सर्वे">






