
शांति समिति की बैठक में चौकी प्रभारी बी.एन. वनाफर ने समितियों को दिए सख्त निर्देश
“कायदे-कानून में रहकर मनाएं गणेशोत्सव, नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई”
बेलगहना:— गणेश चतुर्थी पर्व को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से बेलगहना चौकी में गणेश उत्सव समितियों एवं पुलिस के बीच शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में चौकी प्रभारी बी.एन. वनाफर ने गणेश उत्सव समितियों के पदाधिकारियों एवं सदस्यों से चर्चा करते हुए शासन-प्रशासन एवं उच्च अधिकारियों द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
चौकी प्रभारी ने कहा कि गणेश उत्सव आस्था और भाईचारे का पर्व है। इसे सभी लोग मिल-जुलकर शांतिपूर्ण तरीके से मनाएं। किसी भी समिति द्वारा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधि, हुड़दंग या नियमों का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने समितियों से अपील की कि पंडाल स्थापना, धार्मिक कार्यक्रम, ध्वनि विस्तारक यंत्र, जुलूस एवं विसर्जन सहित सभी आयोजनों में निर्धारित नियमों का पालन करें।
पुलिस का स्पष्ट संदेश—उत्सव मनाइए, लेकिन नियमों के दायरे में
बैठक के दौरान चौकी प्रभारी ने कहा कि गणेश उत्सव के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति निर्मित न हो, इसके लिए समिति के पदाधिकारी स्वयं भी जिम्मेदारी निभाएं। उन्होंने कहा कि “आस्था का सम्मान होगा, लेकिन कानून से खिलवाड़ किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।”
समितियों को यह भी निर्देशित किया गया कि आयोजन के दौरान यातायात व्यवस्था प्रभावित न हो तथा श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। पुलिस प्रशासन द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करते हुए ही कार्यक्रम आयोजित करने पर जोर दिया गया।
समितियों की भी रहेगी जिम्मेदारी
चौकी प्रभारी बी.एन. वनाफर ने समिति के सदस्यों से कहा कि पंडाल एवं आयोजन स्थल पर व्यवस्था बनाए रखने के लिए समिति के जिम्मेदार सदस्य मौजूद रहें। किसी भी विवाद या अप्रिय स्थिति की जानकारी तत्काल पुलिस को दें और स्वयं कानून हाथ में न लें।
बैठक का मुख्य उद्देश्य गणेश उत्सव के दौरान शांति, सुरक्षा, सद्भाव और कानून-व्यवस्था बनाए रखना रहा। पुलिस ने स्पष्ट किया कि पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बरती जाएगी और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
“भक्ति में शक्ति हो, उत्सव में अनुशासन हो—तभी मंगलमूर्ति का पर्व बनेगा यादगार।”
“गणपति बप्पा आएंगे, खुशियां लाएंगे; कानून तोड़ने वालों पर पुलिस सख्ती दिखाएगी।”
“आस्था का उत्सव, भाईचारे का संदेश—कायदे में रहकर मनाएं गणेश।”

गणेश उत्सव में आस्था के साथ अनुशासन भी जरूरी">







