
ग्राम बांधा लकड़ी तस्करों एवं शराबखोरी की वजह से बहुत ही संवेदनशील गांव रहा है। जहाँ विगत एक-दो वर्षों से जिला बिलासपुर के वर्तमान कप्तान रजनेश सिंह के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती मधुलिका सिंह एवं पुलिस अनुविभागीय अधिकारी कोटा श्रीमती नुपुर उपाध्याय के मार्गदर्शन पर जूनापारा पुलिस द्वारा ग्राम बांधा में सतत् पेट्रोलिंग, सतत् प्रतिबंधात्मक कार्यवाही एवं पुलिस के साथ ग्रामीण जन संपर्क की वजह से आज पूरा ग्राम बांधा पुलिस का सहयोगी बन गया है।
जिसकी वजह से ग्राम बांधा के सभी ग्रामीण लगातार पुलिस के मुखबिरी का काम करके ग्राम को अपराध मुक्त बनाने में सहयोग दे रहे हैं। अभी वर्तमान में ही कुछ दिन पूर्व ग्राम बांधा से चोरी के अपराधियों को एवं अवैध शराब विक्रेताओं के विरुद्ध भी चौकी जूनापारा पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
मुखबिर सूचना तंत्र मजबूत होने से पुलिस विभाग को एवं वन विभाग को सूचना मिलते ही तत्काल कार्यवाहियाँ हो रही हैं, ग्राम बांधा लकड़ी तस्करों से लगभग अपराध मुक्त होने की दिशा में अग्रसर है।
पूर्व सरपंच के घर पर रेड
आज वर्तमान में मुखबिर सूचना मिलने पर जूनापारा पुलिस एवं वन विभाग की संयुक्त टीम के द्वारा ग्राम बांधा के पूर्व सरपंच खम्मन सोनवानी के घर पर रेड कार्यवाही हुई है और तलाशी के दौरान पूर्व सरपंच के निवास पर सरपंच पुत्र राजेश सोनवानी के कब्जे से 31 नग सागौन की लकड़ी चिरान एवं सिलपट के रूप में बरामद किया गया है।
जिसे पुलिस की उपस्थिति में वन विभाग द्वारा भारतीय वन अधिनियम 1927 की धाराओं में अपराध कायम कर विवेचना में लिया गया है। समस्त कार्यवाही में जूनापारा पुलिस स्टाफ एवं वन विभाग के स्टाफ की मुख्य भूमिका रही है।








