
बिलासपुर:— सड़क दुर्घटनाओं में दोपहिया वाहन चालकों की बढ़ती जोखिम को देखते हुए बिलासपुर यातायात पुलिस ने बिना हेलमेट वाहन चलाने वालों के खिलाफ विशेष अभियान शुरू किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात रामगोपाल करियारे के पर्यवेक्षण में जिले के प्रमुख शहरों के एंट्री और एग्जिट प्वाइंट पर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया।
इस अभियान में राजपत्रित पुलिस अधिकारियों के सुपरविजन में थाना प्रभारी, यातायात पुलिस के टैंगो और अतिरिक्त पुलिस बल की टीमें तैनात की गईं। पुलिस ने बिना हेलमेट वाहन चला रहे लोगों को रोककर हेलमेट की अनिवार्यता और सड़क दुर्घटनाओं में सिर की चोट से होने वाले गंभीर परिणामों के बारे में जानकारी दी। साथ ही नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई भी की गई।
यातायात पुलिस ने दोपहिया वाहन चालकों को तत्काल हेलमेट उपलब्ध कराने के उद्देश्य से वाहन विक्रेताओं को भी चेकिंग स्थलों पर हेलमेट स्टॉल लगाने के लिए आमंत्रित किया।
पुलिस का उद्देश्य केवल चालानी कार्रवाई करना नहीं, बल्कि वाहन चालकों में हेलमेट को सुरक्षा कवच के रूप में इस्तेमाल करने की आदत विकसित करना है।

पुलिस के मुताबिक वर्ष 2025 में सड़क दुर्घटनाओं के विश्लेषण में दोपहिया वाहन चालकों से संबंधित दुर्घटनाओं का प्रतिशत 61.6 प्रतिशत रहा, जबकि बिना हेलमेट वाहन चलाने के दौरान हुई 66 प्रतिशत मौतें सिर में चोट लगने के कारण हुईं।
अभियान के दौरान डीएसपी शिव चरण परिहार, विभिन्न क्षेत्रों के सीएसपी, एसडीओपी, थाना प्रभारी, यातायात पुलिस के टैंगो, पेट्रोलिंग, क्रेन और वाहन लिफ्टर टीमों के प्रभारी अधिकारी मौजूद रहे।

यातायात पुलिस ने जिले के नागरिकों से अपील की है कि वाहन चलाते समय हमेशा हेलमेट पहनें, यातायात नियमों का पालन करें और अपनी तथा दूसरों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें।







